अनुपमा बोल रही होती है मोटी बात संभलकर आप एक मां के होते हुए उसके सामने उसकी बेटी को अनाथ नहीं बोल सकती मैंने बोला है ना राही मेरी बेटी है मतलब मेरी ही बेटी है मोटिवा बोल रही होती है आप हमें यह बताइए इसकी रगों में कुका खून है अनुपमा बोल रही होती है लेकिन इन बातों से क्या फर्क पड़ता है मोटी बा बोलती है नहीं इन बातों से फर्क पड़ता है अनुपमा बोल रही होती है अगर आपको मैं यह बताऊं कि मैं राही को जन्म देने वाली मां को जानती हूं
तो आप क्या बोलेंगे अनुपमा बताती है कि शादी के बाद मैं और अनुज मुंबई गए थे हम वहां पर अनुज के दोस्त के आश्रम में गए थे जहां हम पहली बार राही से मिले और हमें यह इतनी अच्छी लगी कि हमने इससे गोद ले लिया जब यह हमारे पास थी तो इसकी मां माया वापस लौटकर आ गई माया इसे
अनाथाश्रम में इसलिए छोड़कर गई थी ताकि माया की बेटी गलत हाथों में ना चली जाए और माया खुद अपने पैरों पर पहले खड़े होकर अपनी बेटी को पालना पोचना चाहती थी राही को जन्म देने वाली मां इस दुनिया में नहीं है
लेकिन राही को पालने वाली मां आपके सामने ही खड़ी है अनुपमा बोल रही होती है मेरी राही मेरी ही परछाई है मोरीबा बोलती है लेकिन आपकी परछाई तो घर से कितनी बार भागी है क्या गारंटी है शादी के बाद यह नहीं भागेगी हमारे खानदान के लिए यह लड़की बिल्कुल भी ठीक नहीं है तभी वहां पर प्रेम आ जाता है और प्रेम बोल रहा होता है मेरे लिए राही ही सही है अगर मैं किसी से शादी करूंगा तो सिर्फ राही से करूंगा राग प्रेम को बोल रहा होता है
प्रेम हर बात पर अपने परिवार से लाफ जाना बंद कर दे प्रेम बोल रहा होता है मैंने यह सब कुछ आपसे ही सीखा है मिस्टर कोठारी आपने मेरी मां को भुलाकर मोटी बा के खिलाफ जाकर क्या थी जी शादी की जब आपने अपनी मर्जी की थी तो मैं भी अपनी ही मर्जी कर रहा हूं अगर आपने सही किया था तो मैं गलत कैसे हो गया आप ही बताइए आप गलत थे क्या अगर आप गलत थे तो आपको इन सब में बोलने की कोई जरूरत नहीं है
मोटी बा को बोल रहा होता है मोटी बा मैं और राही शादी करने के लिए तैयार नहीं थे लेकिन आपने फोर्स किया तो हम दोनों शादी करने के लिए तैयार हो गए मैंने भी अनु मैम से झूठ बोला था उन्हें बताया कि मैं अनाथ हूं
लेकिन इन्होंने मुझे माफ कर दिया क्योंकि इन लोगों को इंसान के एफर्ट्स दिखाई देते हैं उनका प्यार दिखाई देता है आप तो सिर्फ खानदान और पास्ट देखते हो बोल रही होती है अगर किसी को गोत्र कुल इन सब के बारे में पता नहीं हो तो शादी कैसे हो सकती है पमा बोल रही होती है सीता मैया ने भी राजा जनक के यहां जन्म नहीं लिया था लेकिन फिर भी वह श्री राम के साथ प्याई गई थी
