और दूसरी तरफ प्राथना जो है व दाग साफ कर रही होती है और तभी कमरे में कोई आता है तो प्रार्थना पूछती है तो गौतम तंज कसते हुए कहता है कि अनफॉर्चूनेटली अंश है प्रार्थना जो है वो हैरान होती है और गौतम कहता है कि मैं भी सोच रहा था कि भाई की शादी में इतनी सजी क्यों है पैर में दर्द है लेकिन उछल उछल कर नाच रही है यह सब उसको रिझाने के लिए है ना सब बाहर है और तुम बहाने से कमरे में आ गई और उसे भी पीछे-पीछे आने के लिए बोला है ना तो प्रार्थना उसे टोक है
और कहती है कि सोच समझकर बोला करो मेरे कपड़े गंदे हो गए थे इसीलिए मैं इन्हें साफ करने के लिए आई हूं तो तभी वहां पर गौतम जो है वो गुस्से में कहता है कि मैं सब साफ देख रहा हूं मैं तुम्हारे रूप रंग चाल ढाल सब बड़े ध्यान से देख रहा हूं उस छछुंदर में ऐसा क्या है जो उसे दिल दे दिया और पति से बोर हो गई हो क्या और क्या वह तुम्हें अलग तरीके से टच करता है तो प्रार्थना गुस्से में गौतम को धक्का देती है और कहती है
कि अपनी गंदी बकवास बंद कीजिए आपकी हरकतों के साथ-साथ आपकी सोच भी जो है वो चीप है तो प्रार्थना गुस्से में जाने लगती है और तभी गौतम उसे रोक लेता है तो प्रार्थना कहती है कि मैं आपके इतने अत्याचार यह सोचकर सहती हूं कि किसी दिन आप सुधर जाओगे लेकिन आप तो और ज्यादा बिगड़ रहे हो और राही जो है वो उस दिन बिल्कुल सही कह रही थी उस दिन आपको वो थप्पड़ जो है वो मुझे मारना चाहिए था काश मुझ में इतनी हिम्मत होती तो गौतम यहां पर नाटक करते हुए कहता है
कि पति को थप्पड़ मारने का मन कर रहा है ठीक है मारो थप्पड़ और तभी वहां पर गौतम जो है वो गुस्से में ये भी कहता है है कि होने वाली भाभी ने उल्टी पट्टी पढ़ाई है तो हिम्मत भी तो दी होगी ना मैं भी तो देखूं कितनी हिम्मत आ गई है मारो थप्पड़ और अपने इतने सालों की दिल की भड़ास निकाल लो इसके बाद गौतम जो है वह प्रार्थना के साथ बदसलूकी करते हुए नजर आता है